बया हमारी चिड़िया रानी / महादेवी वर्मा

 बया हमारी चिड़िया रानी!

तिनके लाकर महल बनाती,
ऊँची डाली पर लटकाती,
खेतों से फिर दाना लाती,
नदियों से भर लाती पानी।


तुझको दूर न जाने देंगे,
दानों से आँगन भर देंगे,
और हौज़ में भर देंगे हम-
मीठा-मीठा ठंडा पानी।

फिर अंडे सेयेगी तू जब,
निकलेंगे नन्हे बच्चे तब,
हम आकर बारी-बारी से
कर लेंगे उनकी निगरानी।

फिर जब उनके पर निकलेंगे,
उड़ जाएँगे बया बनेंगे,
हम तब तेरे पास रहेंगे,
तू मत रोना चिड़िया रानी

Comments

Popular posts from this blog

बया हमारी चिड़िया रानी / महादेवी वर्मा